Iran US War: ईरान से जंग में अमेरिका को भारी नुकसान उठाना पड़ रहा है। ईरान ने अमेरिका के 700 मिलियन डॉलर से अधिक महंगे यूएसएफ ई-3 सेंट्री विमान को सऊदी अरब के प्रिंस सुलतान एयरबेस पर मार गिराया है। ईरान ने यह दावा शुक्रवार को किया था। रिपोर्ट के अनुसार हमले में प्रिंस सुल्तान एयर बेस को निशाना बनाया गया, जहां अब नष्ट हो चुका E-3 विमान देखा गया। यह AWACS कमांड और कंट्रोल विमान अन्य अमेरिकी सैन्य संपत्तियों के साथ तैनात था। ईरान की प्रेस टीवी द्वारा जारी की गई नई तस्वीरों में विमान का मुख्य शरीर पूरी तरह तबाह दिख रहा है, जबकि केवल उसका नाक (head) और पूँछ (tail) का हिस्सा बचा हुआ है।
6 बैलिस्टिक मिसाइलों और 29 ड्रोन से हुआ हमला
ईरान ने इस हमले में छह बैलिस्टिक मिसाइलों और 29 ड्रोनों का इस्तेमाल किया। एसोसिएटेड प्रेस की रिपोर्ट के अनुसार इसमें कम से कम 10 अमेरिकी सैनिक भी घायल हुए, जिनमें से दो की हालत गंभीर बताई जा रही है। इस हमले में ईरानी मिसाइल और कई ड्रोनों ने बेस को निशाना बनाया। प्रारंभिक रिपोर्टों से पता चलता है कि हमले में कई रिफ्यूलिंग विमान भी क्षतिग्रस्त हुए हैं। अमेरिकी सेंट्रल कमांड (CENTCOM) ने इस घटना को गलत बताया है और अन्य कारणों से विमान को क्षति पहुंचने की बात कही है।
आईआरजीसी का दावा
ईरान की प्रेस टीवी ने रिपोर्ट किया कि ईरानी रिवोल्यूशनरी गार्ड कॉर्प्स (IRGC) ने लंबी दूरी और मध्यम दूरी की मिसाइल प्रणालियों तथा हमलावर ड्रोनों का इस्तेमाल करके अमेरिका और इजरायल से जुड़ी सुविधाओं को निशाना बनाया। ईरान ने यह भी दावा किया कि उसने एक अमेरिकी MQ-9 ड्रोन को मार गिराया और एक F-16 जेट को भी नुकसान पहुंचाया। 28 फरवरी को अमेरिका और इजरायल द्वारा ईरान पर “बिना उकसावे” युद्ध शुरू करने के बाद इस बेस को बार-बार निशाना बनाया जा चुका है। इस गठबंधन ने तब से कई उच्च स्तरीय ईरानी अधिकारियों की हत्या कर दी है, जिसमें सर्वोच्च नेता आयतुल्लाह अली खामेनेई और सुरक्षा प्रमुख अली लारीजानी भी शामिल हैं।